बिलाल खत्री
अलीराजपुर। जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में किसानों और आम ग्रामीणों को आ रही समस्याओं को लेकर जोबट विधायक सेना महेश पटेल ग्रामीणों के साथ कलेक्टर से मिलने पहुंचीं। इस दौरान कठ्ठीवाड़ा, जोबट, भाबरा सहित विभिन्न क्षेत्रों से आए ग्रामीणों ने अपनी समस्याएं प्रशासन के सामने रखीं। विधायक ने ग्रामीणों की समस्याओं को लेकर कलेक्टर को अवगत कराया और शीघ्र निराकरण की मांग की।
बिलझर के ग्रामीणों ने बताई तीन माह से राशन नहीं मिलने की समस्या
इस दौरान अलीराजपुर विधानसभा क्षेत्र के बिलझर गांव की महिलाओं और ग्रामीणों ने विधायक एवं कलेक्टर के समक्ष अपनी समस्या रखी। ग्रामीणों ने बताया कि उन्हें लगभग तीन माह से राशन का अनाज नहीं मिला है। महिलाओं ने कहा कि नियमित राशन नहीं मिलने के कारण परिवारों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
ग्रामीणों ने यह भी बताया कि क्षेत्र में बिजली और पानी की समस्या बनी हुई है। कम वोल्टेज के कारण मोटर-पंप नहीं चल पा रहे हैं, जिससे खेतों में सिंचाई के साथ-साथ पेयजल की व्यवस्था भी प्रभावित हो रही है।
मीडिया से चर्चा में विधायक ने क्या कहा
ग्रामीणों से चर्चा और कलेक्टर से मुलाकात के बाद मीडिया से बात करते हुए विधायक सेना महेश पटेल ने कहा कि अलीराजपुर जिले के अलग-अलग क्षेत्रों से ग्रामीण अपनी गंभीर समस्याएं लेकर आए हैं। उन्होंने कहा कि ये किसी एक गांव या एक क्षेत्र की समस्या नहीं है, बल्कि कई ग्रामीण क्षेत्रों में राशन, पानी, बिजली और किसानों की सिंचाई से जुड़ी शिकायतें सामने आ रही हैं।
विधायक ने कहा कि कठ्ठीवाड़ा, जोबट, उदयगढ़ और चंद्रशेखर आजादनगर सहित विभिन्न क्षेत्रों में बिजली की समस्या है। ग्रामीणों के अनुसार बिजली कुछ समय के लिए आती है, लेकिन बाद में वोल्टेज कम हो जाता है। कम वोल्टेज के कारण कृषि मोटर नहीं चलती और किसान खेतों में पानी नहीं पहुंचा पाते।
उन्होंने कहा कि एक तरफ खेतों में फसल खड़ी है और दूसरी तरफ किसानों को सिंचाई के लिए पर्याप्त बिजली नहीं मिल रही है। ग्रामीण क्षेत्रों में पीने के पानी की समस्या भी सामने आ रही है।
जमीन पर आकर स्थिति देखे सरकार
विधायक ने कहा कि प्रशासन और सरकार को गांवों में जाकर वास्तविक स्थिति देखनी चाहिए। उन्होंने ग्रामीणों की शिकायतों का उल्लेख करते हुए कहा कि कई परिवारों को समय पर राशन नहीं मिल रहा है, किसानों को बिजली और पानी की समस्या है, स्कूलों में शिक्षकों की कमी है तथा बच्चों के लिए मध्यान्ह भोजन और छात्रावासों में भोजन व्यवस्था को लेकर भी शिकायतें सामने आ रही हैं।
उन्होंने कहा कि आदिवासी और ग्रामीण क्षेत्रों के विकास के लिए बजट और योजनाएं हैं, लेकिन उनका लाभ वास्तविक हितग्राहियों तक पहुंचना जरूरी है। ग्रामीणों की समस्याओं का समाधान केवल कागजों पर नहीं, बल्कि जमीन पर दिखाई देना चाहिए।
7–8 दिन में समाधान नहीं हुआ तो करेंगे आंदोलन
विधायक सेना महेश पटेल ने कहा कि उन्होंने प्रशासन के सामने ग्रामीणों की समस्याएं रखी हैं और 7–8 दिनों में समस्याओं के समाधान की अपेक्षा की है। यदि समस्याओं का समाधान नहीं होता है तो जिले के ग्रामीणों और किसानों के साथ मिलकर आगे धरना-प्रदर्शन और आंदोलन किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि ग्रामीणों की समस्याओं को लेकर वे लगातार प्रशासन के समक्ष आवाज उठाती रहेंगी और राशन, बिजली, पानी, किसानों की सिंचाई, स्कूल और छात्रावास से जुड़े मुद्दों का समाधान कराना प्राथमिकता है।





