“बिछडे दिल मिले कटुता हुई समाप्त”
धार ब्यूरो चीफ इकबाल खत्री
बगद
तहसील विधिक सेवा समिति जिला एवं अपर सत्र न्यायालय कुक्षी में वर्ष की दूसरी नेशनल लोक अदालत का आयोजन आज दिनांक 09.05.2026 को माननीय प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश श्रीमती ममता जैन के संरक्षण में किया गया है। उक्त नेशनल लोक अदालत का शुभारंभ तहसील विधिक सेवा समिति के अध्यक्ष जिला एवं अपर सत्र न्यायाधीश श्री कमलेश कुमार सोनी के द्वारा माँ सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्ज्वलन व माल्यार्पण किया गया। उक्त नेशनल लोक अदालत में सिविल, किमिनल, विद्युत, चेक, मोटरयान दुर्घटना क्लेम, बैंक, राजस्व, नगर परिषद के प्रि-लिटिगेशन प्रकरणों का आपसी राजीनामा के आधार पर निराकरण हुआ। उक्त नेशनल लोक अदालत हेतु न्यायाधीश श्री कमलेश सोनी, न्यायाधीश श्री धीरज कुमार, न्यायाधीश श्री सचिन कुमार जाधव न्यायाधीश श्री हर्ष राज दुबे के साथ ही राजस्व के प्रकरणों के लिए एस.डी.एम. श्री विशाल धाकड़ की खण्डपीठ का गठन किया गया। उक्त नेशनल लोक अदालत में जिला न्यायाधीश श्री कमलेश कुमार सोनी की खण्डपीठ से 40, जिला न्यायाधीश श्री धीरज कुमार की खण्डपीठ में 01, न्यायाधीश श्री सचिन कुमार जाधव के न्यायालय से 36 तथा न्यायाधीश श्री हर्ष राज दुबे के न्यायालय से 57 इस प्रकार कुल 134 प्रकरणों का आपसी सहमति से निराकरण हुआ। न्यायाधीश श्री कमलेश कुमार सोनी के न्यायालय में एक अनूठे सिविल प्रकरण का निराकरण हुआ जिसमें पक्षकार रिटायर्ड एस.डी.एम. थे जिनकी जमीन व पडौसी की जमीन का विवाद व्यवहार न्यायालय में चला। उसके उपरांत अपील श्री सोनी के न्यायालय में प्रस्तुत हुई अपील वर्ष 2022 से लंबित थी। उनके मध्य उनकी जमीन की सीमाओं का पुश्तैनी विवाद काफी समय से लंबित था जिसमें न्यायाधीश श्री सोनी ने रिटायर्ड एस.डी.एम. व अन्य पक्षकारों को समझाया तो दोनों पक्षों को बात समझ में आ गयी और दोनों ने ही लोक अदालत के माध्यम से अपने प्रकरण का राजीनामा के आधार पर निराकरण किया। श्री हर्ष राज दुबे के न्यायालय से पति-पत्नी के मध्य चल रहे वैवाहिक भरण-पोषण के मामलो का निराकरण भी हुआ। एक भरण-पोषण के एम.जे.सी. प्रकरण 12/2026 में आवेदिका व अनावेदक का विवाह वर्ष 2011 में ग्राम पलासी में हुआ था जिसमें दोनों पति-पत्नी के संसर्ग से दो पुत्रों का जन्म भी हुआ। पति-पत्नी 16 साल तक साथ रहे। किंतु दोनों के मध्य किसी बात को लेकर झगड़ा हो गया। आवेदिका पत्नी अपने मायके ग्राम बाग आकर रहने लगी। फिर आवेदिका की ओर से श्री सलमान खान अधिवक्ता ने भरण-पोषण का प्रकरण न्यायाधीश श्री हर्ष राज दुबे के न्यायालय में प्रस्तुत किया। जिससे अनावेदक पति की ओर से श्री दिलीप वर्मा अधिवक्ता उपस्थित हुए। न्यायाधीश श्री हर्ष राज दुबे ने अनावेदक के उपस्थित होने के साथ ही तत्परता दिखाते हुए उसे समझाया और दोनों पक्षों की बात-चीत करवाई तो दोनों पक्षों के बीच की कटुता समाप्त हो गयी और दोनों पक्ष पुनः साथ-साथ रहने के लिए तैयार हो गये। उक्त नेशनल लोक अदालत में अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष अधिवक्ता श्री दिनेशचंद्र पाटीदार, सचिव अधिवक्ता श्री प्रभु मण्डलोई, शासकीय अधिवक्ता श्री राजेंद्र कुमार गुप्ता, श्री राजप्रकाश पहाड़िया,अतुल जैन, एस.डी.ओ. पी. श्री सुनील गुप्ता, थाना प्रभारी श्री राजेश यादव, सी.एम.ओ. श्री मायाराम सोलंकी के साथ ही विद्युत, बैंक के अधिकारी भी उपस्थित हुए।






