खरगोन जिला ब्यूरो इक़बाल खत्री
पेट्रोल पंपों पर अव्यवस्था, अफवाह फैलाने या सोशल मीडिया पर भ्रामक जानकारी प्रसारित करने पर होगी कड़ी कार्यवाही
नियमित स्टॉक, सीमित वितरण और निगरानी व्यवस्था लागू
खरगोन । एसडीएम वीरेंद्र कुमार कटारे की अध्यक्षता में पेट्रोल पंपों के सुचारू संचालन एवं नियमित ईंधन आपूर्ति सुनिश्चित करने के उद्देश्य से समस्त पेट्रोल पंप संचालकों की बैठक स्वामी विवेकानंद सभागृह में आयोजित की गई। बैठक में पुलिस थाना प्रभारी खरगोन, सहायक आपूर्ति अधिकारी खरगोन, कनिष्ठ आपूर्ति अधिकारी सेगांव एवं भगवानपुरा सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
बैठक में पंप संचालकों द्वारा अवगत कराया गया कि देर रात्रि में पेट्रोल पंपों पर भारी भीड़ उमड़ने से फुल टैंक कराने के लिए लंबी कतारें लग रही हैं। इस पर एसडीएम विरेन्द्र कटारे द्वारा निर्देश दिए गए कि व्यवस्था बनाए रखने के लिए दोपहिया वाहनों को 2 से लीटर पेट्रोल, चारपहिया निजी वाहनों को अधिकतम 1000 रुपये तक पेट्रोल तथा 2000 रुपये तक डीजल ही प्रदान किया जाए, जिससे सभी नागरिकों को समान रूप से ईंधन उपलब्ध हो सके। पंप संचालकों ने पेट्रोल-डीजल की अनियमित आपूर्ति की समस्या भी रखी, जिस पर संबंधित कंपनियों के सेल्स ऑफिसर्स से संपर्क कर मांग अनुसार आपूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। साथ ही यह भी कहा गया कि किसी कारणवश पंप बंद होने की स्थिति में स्पष्ट सूचना पंप परिसर में प्रदर्शित की जाए।
बैठक में यह स्पष्ट किया गया कि पेट्रोल पंपों पर किसी भी प्रकार की अव्यवस्था, अफवाह फैलाने या सोशल मीडिया पर भ्रामक जानकारी प्रसारित करने की स्थिति में तत्काल नजदीकी पुलिस थाने को सूचना दी जाए। ऐसे मामलों में संबंधित व्यक्ति अथवा समूह पर धारा 163 के अंतर्गत कड़ी कार्यवाही की जाएगी।
बैठक में एसडीएम द्वारा निर्देशित किया गया कि अनुभाग के समस्त पंप संचालकों/प्रबंधकों, थाना प्रभारियों, सहायक एवं कनिष्ठ आपूर्ति अधिकारियों तथा तहसीलदारों का एक संयुक्त व्हाट्सएप ग्रुप बनाया जाए, ताकि किसी भी अप्रत्याशित स्थिति में त्वरित समन्वय एवं सहायता उपलब्ध कराई जा सके। इस ग्रुप में पंप संचालक प्रतिदिन पेट्रोल-डीजल स्टॉक एवं खपत की जानकारी साझा करेंगे।
बैठक में पंप परिसरों में हितग्राहियों की सुविधा के लिए संबंधित सेल्स ऑफिसर, टोल फ्री नंबर एवं क्षेत्रीय पुलिस थाने के संपर्क नंबर प्रदर्शित करने के निर्देश भी दिए गए। सभी पंपों को पूर्व निर्धारित समयानुसार संचालन करने तथा बोतल, केन अथवा ड्रमों में पेट्रोल-डीजल का प्रदाय न करने के निर्देश स्पष्ट रूप से दिए गए।
बैठक में व्यवस्था सुचारू रखने के लिए प्रत्येक पेट्रोल पंप पर होमगार्ड/पटवारी/अन्य कर्मचारियों की ड्यूटी लगाने, डायल 112, मोबाइल वैन एवं बाइक पेट्रोलिंग द्वारा नियमित भ्रमण कराने का निर्णय लिया गया। साथ ही प्रत्येक पंप पर रिजर्व स्टॉक के रूप में 2000 लीटर पेट्रोल एवं 3000 लीटर डीजल अनिवार्य रूप से रखने तथा उसका वितरण केवल एसडीएम, तहसीलदार अथवा कनिष्ठ आपूर्ति अधिकारी के निर्देश पर ही करने के आदेश दिए गए।





