खरगोन जिला ब्यूरो इक़बाल खत्री
गिरोह के 05 आरोपियों को पुलिस ने किया गिरफ्तार, जिसमे 03 महिला व 02 पुरुष शामिल,
गिरोह में शामिल महिला आम लोगों को बुला कर गिरोह के अन्य सदस्यों से मोबाईल छुपवा कर बनवाती थी आपत्तिजनक वीडियो,
आपत्तिजनक वीडियो को वायरल करने एवं पुलिस में केस दर्ज करवाने की धमकी देकर फरियादी से की ढाई लाख की मांग,
शिकायत मिलते ही पुलिस ने की त्वरित कार्यवाही केस दर्ज कर आरोपियों को किया गिरफ्तार।
खरगोन। पुलिस महानिरीक्षक इंदौर जोन इंदौर (ग्रामीण) श्रीअनुराग एवं पुलिस उप महानिरीक्षक निमाड रेंज खरगोन सिद्धार्थ बहुगुणा के द्वारा जिला खरगोन में अवैध गतिविधियों पर अंकुश लगाने के निर्देश दिये गये थे । वरिष्ठ अधिकारियो से प्राप्त निर्देर्शो के परिपालन में पुलिस अधीक्षक खरगोन रविन्द्र वर्मा के द्वारा जिला खरगोन में अवैध गतिविधियों एवं इन गतिविधियों में संलिप्त व्यक्तियों पर अंकुश लगाकर प्रभावी कार्यवाही करने हेतु निर्देशित किया गया था ।
प्राप्त निर्देर्शो के परिपालन में अति. पुलिस अधीक्षक खरगोन (ग्रामीण) शकुन्तला रुहल के मार्गदर्शन में जिला खरगोन के समस्त अनुविभागीय अधिकारी पुलिस व थाना प्रभारियों को प्रभावी कार्यवाही करने हेतु निर्देशित किया गया था । इसी तारतम्य में थाना सनावद की पुलिस टीम ने हनीट्रैप के जरिए ढाई लाख रुपये की मांग कर ब्लैकमेल करने वाले गिरोह के 05 आरोपियों को गिरफ्तार कर कार्यवाही की गई है ।
दिनांक 06.02.26 को फरियादी निवासी ग्राम सताजना ने थाना सनावद पर शिकायत आवेदन दिया कि, दिनांक 02.02.2026 को एक महिला जिसने अपना नाम सपना बताया था उसने बार-बार फरियादी को फोन करके उसे पद्मावती कॉलोनी, सनावद स्थित अपने घर बुलाया । महिला के द्वारा फरियादी को घर के कमरे में ले जाकर आपसी सहमति से संबंध बनाए जा रहे थे, तभी अचानक कमरे में 02 पुरुष एवं 01 अन्य महिला कमरे में आ गए महिला ने अपना नाम वैजन्ती बताया । जिनके द्वारा फरियादी को उसी कमरे में रखे मोबाइल से वीडियो रिकॉर्ड करने की बात कहते हुए फरियादी को डराया धमकाया व वीडियो वायरल करने, जान से मारने एवं बलात्कार के झूठे प्रकरण में फँसाने की धमकी देते हुए फरियादी से 2,50,000/- (ढाई लाख रुपये) की मांग की गई ।
फरियादी ने भयवश दिनांक 06.02.2026 को पद्मावती कॉलोनी, सनावद में जाकर उक्त गिरोह को 10,000/- की राशि आरोपियों को दी, इसके बाद भी लगातार वीडियो वायरल करने एवं पुलिस प्रकरण दर्ज कराने की धमकियाँ दी जाती रहीं, जिससे फरियादी मानसिक रूप से अत्यंत प्रताड़ित हो गया । प्राप्त आवेदन एवं प्रथम दृष्टया तथ्यों के आधार पर वैजन्ती एवं उसके साथियों के विरुद्ध धारा 308(7), 351(3), 3(5) भारतीय न्याय संहिता (BNS) के अंतर्गत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया ।
प्रकरण की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन, एसडीओपी बड़वाह अर्चना रावत के मार्गदर्शन व थाना प्रभारी सनावद उनि धर्मेन्द्र यादव के नेतृत्व में पुलिस टीम का गठन कर गिरोह के सदस्यों को गिरफ्तार कर विधिनुसार कार्यवाही करने हेतु निर्देशित किया गया था । पुलिस टीम के द्वारा फरियादी के बताए अनुसार घर में दबिश दी गई जहां पुलिस को वैजन्ती नामक महिला मिली जिसे महिला पुलिसकर्मियों की सहायता से अभिरक्षा में लिया गया । महिला पुलिसकर्मियों के द्वारा वैजन्ती से उक्त कृत्य के बारे में पूछने पर उसने कृत्य को अपने अन्य 02 महिलायें, समीर एवं सावन के साथ मिलकर कारित करना स्वीकार किया ।
पुलिस के द्वारा प्राप्त जानकारी के आधार पर प्रकरण में शामिल मुख्य आरोपी वैजन्ति के अन्य साथी 02 महिलायें व समीर एवं सावन को भी गिरफ्तार किया गया है । पुलिस द्वारा उक्त मामले में आरोपियों के कब्जे से फरियादी को ब्लैकमेल कर लिए 10,000/- रुपयों व बनाया गए वीडियो को नियमानुसार विधिवत जप्त कर आरोपियों को न्यायालय में पेश किया गया।
गिरफ्तार आरोपियों में
- वैजन्ति पति संजय दुबलिया उम्र 40 वर्ष निवासी बडगांव थाना बैडिा हाल मुकाम पंडित कालोनी सनवाद (मुख्य आरोपी)
- समीर पिता लियाकल अली उम्र 22 वर्ष निवासी टेचिंग ग्राउण्ड खण्डवा रोड सनावद
- सावन पिता मोहन मौरे उम्र 21 वर्ष निवासी टेचिंग ग्राउण्ड खण्डवा रोड सनावद
- 02 अन्य महिलायें
उक्त की गई कार्यवाही में एसडीओपी बड़वाह अर्चना रावत के मार्गदर्शन में व थाना प्रभारी सनावद उनि. धर्मेन्द्र यादव के नेतृत्व में उनि.चैन सिंग सोलंकी, उनि. रेणुका राठौड, उनि. करण डावर, प्रआर. गंभीर मीणा, प्रआर .राजेंद्र चौहान, महिला आरक्षक कामिनी, महिला आरक्षक अन्नपूर्णा तिवारी, आर. राजीव गुर्जर, आर. श्रीकृष्ण बिरला, आर= अरुण मीणा, आर .जितेंद्र जाट,आर. सुनील कुमार, आर. राजेश जायसवाल, आर. सरदार निगम, आर. इसराम का विशेष योगदान रहा ।





