भाड़े के गुंडों को होटल में रुकवाने और रेकी करने वाले 10 हजारी इनामी प्रांजल पाठक को पुलिस ने दबोचा
मुख्य संवाददाता : ज़िया खान
भोपाल। राजधानी के कोलार रोड थाना क्षेत्र में गणतंत्र दिवस से एक दिन पहले हुए चर्चित ‘कुलदीप हत्याकांड के प्रयास’ (जानलेवा हमला) के मामले में पुलिस ने एक और महत्वपूर्ण सफलता हासिल की है। पुलिस ने घटना की रेकी करने वाले और भाड़े के बदमाशों को पनाह देने वाले मुख्य फरार आरोपी प्रांजल पाठक को उत्तर प्रदेश के मथुरा से गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी पर पुलिस ने 10 हजार रुपये का इनाम घोषित कर रखा था।
फिल्मी स्टाइल में रची गई थी साजिश पुलिस जांच में सामने आया कि कुलदीप पर जानलेवा हमला करने के लिए किसी फिल्मी पटकथा की तरह साजिश रची गई थी। आरोपी प्रांजल पाठक ने ही बाहर से आए भाड़े के गुंडों को शहर के एक होटल में रुकवाया था। घटना को अंजाम देने से पहले आरोपियों ने कुलदीप की गतिविधियों की बारीकी से रेकी की थी। गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर जब सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद थी, तब आरोपियों ने सुनियोजित तरीके से इस हमले को अंजाम दिया था।
मथुरा में छिपा था आरोपी घटना के बाद से ही आरोपी प्रांजल पाठक पुलिस को चकमा देकर फरार चल रहा था। कोलार पुलिस उसकी तलाश में लगातार दबिश दे रही थी। तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिर की सूचना के आधार पर पुलिस को पता चला कि आरोपी धर्मनगरी मथुरा (उत्तर प्रदेश) में छिपा हुआ है। तत्काल एक टीम रवाना की गई और घेराबंदी कर आरोपी को हिरासत में लिया गया।
अब तक कई आरोपी गिरफ्त में कोलार पुलिस के अनुसार, इस हत्या के प्रयास के मामले में पहले भी कई आरोपियों को जेल भेजा जा चुका है। प्रांजल की गिरफ्तारी इस मामले की कड़ियों को जोड़ने में अहम साबित होगी। पुलिस अब आरोपी से पूछताछ कर रही है कि इस हमले के पीछे मुख्य सरगना कौन है और हमले का असल मकसद क्या था।






