बिलाल खत्री
बड़वानी जिले के प्रभारी मंत्री डॉ. गौतम टेटवाल ऑनलाइन वीसी के माध्यम से एवं लोकसभा सांसद गजेंद्र सिंह पटेल व कलेक्टर जयति सिंह की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागृह बड़वानी में शुक्रवार को भावांतर योजना के प्रभावी क्रियान्वयन हेतु जिला स्तरीय बैठक आयोजित की गई ।बैठक में वीसी के माध्यम से जुड़े जिले के प्रभारी मंत्री डॉ. गौतम टेटवाल ने भावांतर योजना के संबंध में विस्तृत जानकारी देते हुए किसानों का अधिक से अधिक भावांतर योजना अंतर्गत पंजीयन कराने के निर्देश दिये गये ताकि अधिक से अधिक किसान योजनान्तर्गत लाभानिवत हो सके।
कलेक्टर जयति सिंह द्वारा मध्यप्रदेश शासन द्वारा सोयाबीन उत्पादक किसानो के लिए भावान्तर योजना के सम्बंध में विस्तृत जानकारी दी। भावांतर योजना के अंतर्गत ई-उपार्जन पोर्टल पर 03 अक्टूबर से 17 अक्टूबर 2025 तक सोयाबीन का पंजीयन किया जाएगा। इसके साथ ही फसल विक्रय के लिए भावांतर अवधि 24 अक्टूबर 2025 से 15 जनवरी 2026 निर्धारित की गई है। पंजीयन की निःशुल्क व्यवस्था ग्राम पंचायत, जनपद पंचायत एवं तहसील कार्यालयों में स्थापित सुविधा केंद्र और सहकारी समिति एवं सहकारी विपणन संस्थाओं द्वारा संचालित पंजीयन केन्द्रों तथा एम.पी. किसान एप पर भी की गई है। यहां किसान अपना निशुल्क पंजीयन करा सकते हैं। पंजीयन की सशुल्क व्यवस्था 50/-रु शुल्क राशि से एमपी ऑनलाइन कियोस्क,कॉमन सर्विस सेंटर कियोस्क एवं लोक सेवा केंद्र पर की गई हैं। पंजीयन हेतु आवश्यक दस्तावेज- भूमि संबंधी आवश्यक दस्तावेज -खसरा खतौनी ,मोबाइल नंबर (आधार से लिंक),आधार कार्ड,बैंक खाता नम्बर एवं आईएफएससी कोड,अन्य फोटो पहचान पत्र लगेगें। साथ ही पंजीयन व्यवस्था में बेहतर सेवा प्राप्त करने के लिए किसान अपने आधार नम्बर से बैंक खाता और मोबाइल नंबर को लिंक कराकर उसे अपडेट रखें। भू-अभिलेख और आधार कार्ड में दर्ज नाम में विसंगति होने पर पंजीयन का सत्यापन तहसील कार्यालय से कराया जाएगा।
सत्यापन होने की स्थिति में ही उक्त पंजीयन मान्य होगा। यदि किसान की भूमि एक ही जिले के अन्य ग्रामों में है तो पंजीयन में दूसरे ग्राम की फसल के रकबे जोड़े जा सकेंगे। यदि किसान की भूमि किसी अन्य जिले में है, तो किसान को अपनी समग्र सदस्य आईडी एवं आधार का उपयोग करते हुए दूसरे जिले में भी पंजीयन कराना होगा। मूल भू-स्वामी की मृत्यु होने पर खातेदार की मृत्यु होने पर वैध वारिस उत्तराधिकारी के नाम से भूमि नामांतरण होने पर वारिस के नाम से पंजीयन किया जा सकेगा।
बैठक में विधायक पानसेमल श्याम बरडे, पूर्व कैबिनेट मंत्री प्रेम सिंह पटेल, जिला पंचायत अध्यक्ष बलवंत सिंह पटेल, जिला पंचायत सीईओ काजल जावला, भाजपा जिला अध्यक्ष अजय यादव, उप संचालक, कृषि के.सी. वास्केल, जिला आपूर्ति अधिकारी, भारतसिंह जमरे, सहायक आयुक्त सहकारिता, सुरेश सांवले, लीड बैंक मैनेजर संदीप अग्रवाल, जिला सहकारी केन्द्रीय बैंक के प्रबंधक संजय शर्मा एवं भारतीय किसान संघ किसान उपस्थित रहे।






