जिला संवाददाता : दिलीप पाटीदार धार
धार कलेक्टर ने जारी किए आदेश, धार समेत 7 समीपवर्ती जिलों की सीमाओं से बाहर रहने के निर्देश।
धार। जिले में कानून-व्यवस्था बनाए रखने और आपराधिक गतिविधियों पर अंकुश लगाने के उद्देश्य से जिला प्रशासन ने सख्त कार्रवाई की है। जिला दण्डाधिकारी राजीव रंजन मीना ने विभिन्न आपराधिक गतिविधियों में संलिप्तता के चलते दो व्यक्तियों के खिलाफ जिला बदर की कार्रवाई करते हुए उन्हें छह-छह माह की अवधि के लिए जिला बदर करने के आदेश जारी किए हैं।
जिला दण्डाधिकारी द्वारा जारी आदेश के अनुसार कपिल पिता दादु वर्मा, निवासी बगड़ीपुरा सुन्द्रेल, थाना धामनोद तथा कालु उर्फ कुन्दन पिता बुदिया, निवासी सिरसोदिया, थाना धामनोद को आगामी छह माह की अवधि के लिए जिला बदर किया गया है।
सात पड़ोसी जिलों की सीमाओं में प्रवेश पर भी रोक
जिला बदर आदेश के तहत दोनों व्यक्तियों को केवल जिला धार की सीमा से ही बाहर नहीं रहना होगा, बल्कि निर्धारित अवधि में आसपास के कई जिलों की राजस्व सीमाओं से भी बाहर रहने के निर्देश दिए गए हैं। आदेश के अनुसार दोनों को धार जिले के साथ-साथ इंदौर, उज्जैन, रतलाम, झाबुआ, बड़वानी, खरगोन एवं अलीराजपुर जिलों की राजस्व सीमाओं से बाहर रहने के निर्देश दिए गए हैं।
इस तरह जिला बदर की अवधि के दौरान संबंधित दोनों व्यक्ति इन जिलों की सीमाओं में प्रवेश नहीं कर सकेंगे। प्रशासन द्वारा यह कदम क्षेत्र में शांति एवं कानून-व्यवस्था बनाए रखने तथा आपराधिक गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण के उद्देश्य से उठाया गया है। प्रशासन के अनुसार दोनों व्यक्तियों की विभिन्न आपराधिक गतिविधियों में संलिप्तता के मद्देनजर उनके विरुद्ध जिला बदर की कार्रवाई की गई है। जिला प्रशासन द्वारा ऐसे मामलों में प्रतिबंधात्मक कार्रवाई का उद्देश्य क्षेत्र में अपराध की संभावनाओं को नियंत्रित करना और आमजन के बीच कानून-व्यवस्था के प्रति विश्वास बनाए रखना है।
जिला दण्डाधिकारी के आदेश के बाद दोनों व्यक्तियों को निर्धारित अवधि तक संबंधित जिलों की राजस्व सीमाओं से बाहर रहना होगा। आदेश का उल्लंघन किए जाने की स्थिति में संबंधित व्यक्ति के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जा सकती है।
कानून-व्यवस्था को लेकर प्रशासन का सख्त रुख
जिले में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए प्रशासन द्वारा आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त लोगों पर लगातार नजर रखी जा रही है। जिला बदर जैसी प्रतिबंधात्मक कार्रवाई के माध्यम से प्रशासन ऐसे तत्वों पर नियंत्रण रखने का प्रयास करता है, जिनकी गतिविधियों से क्षेत्र की कानून-व्यवस्था प्रभावित होने की आशंका रहती है।
दोनों आरोपियों के खिलाफ जारी जिला बदर आदेश के बाद अब छह माह की अवधि तक उन्हें धार सहित निर्धारित सात समीपवर्ती जिलों की सीमाओं से बाहर रहना होगा। प्रशासन की इस कार्रवाई को जिले में कानून-व्यवस्था बनाए रखने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।





