जिला संवाददाता : दिलीप पाटीदार सरदारपुर
2,387.60 करोड़ रुपये की माइक्रो उद्वहन सिंचाई परियोजना का मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने किया लोकार्पण; 57,422 हेक्टेयर भूमि को मिलेगी सिंचाई सुविधा।
मुख्यमंत्री ने 188 करोड़ रुपये के विकास कार्यों का किया भूमिपूजन और लोकार्पण; 16.70 लाख किसानों के खातों में अंतरित की 317.86 करोड़ रुपये की फसल बीमा राशि।
सरदारपुर। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शनिवार को धार में 2,387.60 करोड़ रुपये की लागत वाली नर्मदा-झाबुआ-पेटलावद-थांदला-सरदारपुर माइक्रो उद्वहन सिंचाई परियोजना का लोकार्पण किया। परियोजना से धार और झाबुआ जिले के 260 गांवों की कुल 57,422 हेक्टेयर भूमि को सिंचाई सुविधा उपलब्ध होगी। इससे करीब 72 हजार किसानों को लाभ मिलने की उम्मीद है।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने विभिन्न विकास कार्यों का लोकार्पण और भूमिपूजन भी किया। कार्यक्रम में उन्होंने रबी वर्ष 2025-26 के लिए प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत प्रदेश के 16 लाख 70 हजार किसानों के खातों में कुल 317.86 करोड़ रुपये की राशि अंतरित की।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में सिंचाई सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है। उनके अनुसार, वर्ष 2002-03 तक प्रदेश में लगभग 7.5 लाख हेक्टेयर भूमि सिंचित थी, जो वर्ष 2023 तक बढ़कर 40 लाख हेक्टेयर हो गई। उन्होंने दावा किया कि पिछले ढाई वर्षों में सिंचित क्षेत्र का रकबा 60 लाख हेक्टेयर तक पहुंचा है। राज्य सरकार ने इसे बढ़ाकर 100 लाख हेक्टेयर करने का लक्ष्य रखा है। उन्होंने कहा कि किसानों की समृद्धि सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है।
भूमिगत पाइप प्रणाली से पहुंचेगा नर्मदा का जल
परियोजना के तहत नर्मदा नदी से जल उठाकर माही नदी में छोड़ा जाना प्रस्तावित है। इसके लिए धार जिले की कुक्षी तहसील के ग्राम चंदनखेड़ी में नर्मदा नदी से 186.62 मिलियन घन मीटर (एमसीएम) जल का उद्वहन प्रस्तावित है। परियोजना में 102.30 मेगावाट बिजली की खपत होगी।
परियोजना के अंतर्गत धार जिले की सरदारपुर तहसील के 66 गांवों की 25,422 हेक्टेयर भूमि तथा झाबुआ जिले के 194 गांवों की 32,000 हेक्टेयर भूमि को सिंचाई सुविधा मिलेगी। भूमिगत पाइप नहर प्रणाली के माध्यम से 2.5 हेक्टेयर तक के चक में 20 मीटर दबावयुक्त जल उपलब्ध कराने की व्यवस्था है। इसके बाद किसान स्प्रिंकलर या ड्रिप प्रणाली के माध्यम से सिंचाई कर सकेंगे। इस पद्धति से खेतों को समतल करने की आवश्यकता कम होगी और सीमित पानी का उपयोग करके सिंचाई की जा सकेगी।
पीएम मित्र पार्क से रोजगार के अवसरों का दावा
मुख्यमंत्री ने धार में पीएम मित्र पार्क का उल्लेख करते हुए कहा कि इससे निमाड़-मालवा क्षेत्र के लगभग छह लाख कपास उत्पादक किसानों को लाभ मिलने की संभावना है। पार्क में कपास से धागा, धागे से कपड़ा और कपड़े से रेडीमेड परिधान तैयार करने की व्यवस्था विकसित की जाएगी। उन्होंने कहा कि परियोजना से प्रदेश में करीब तीन लाख लोगों के लिए रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने का लक्ष्य है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि धार को रेल संपर्क की सुविधा भी मिली है और क्षेत्र में सड़क, रेल तथा हवाई परिवहन के विस्तार पर काम किया जा रहा है। उन्होंने अमका-झमका माता स्थल को श्रीकृष्ण पाथेय योजना के तहत विकसित करने की जानकारी देते हुए बताया कि इसके लिए तीन करोड़ रुपये के विकास कार्य भी प्रस्तावित हैं। उन्होंने धार में मेडिकल कॉलेज उपलब्ध कराने की दिशा में भी जल्द पहल होने की बात कही।
अन्य विकास कार्यों का भी लोकार्पण और भूमिपूजन
कार्यक्रम में दी गई जानकारी के अनुसार, करीब 25 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित चार पुलों और 15 करोड़ रुपये के विद्यालय भवनों सहित अन्य विकास कार्यों का लोकार्पण किया गया। 50 बिस्तरों वाले अस्पताल सहित विभिन्न कार्य भी विकास योजनाओं में शामिल हैं। इसके अतिरिक्त लगभग 188 करोड़ रुपये की लागत के 35 नए कार्यों का भूमिपूजन किया गया। इनमें कन्या विद्यालय और आईटीआई भवन सहित अन्य निर्माण कार्य शामिल हैं।
मुख्यमंत्री ने किसानों के लिए डेयरी गतिविधियों को प्रोत्साहित करने की योजना का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि 25 गाय या भैंस खरीदकर डेयरी शुरू करने वाले किसानों को सरकार की योजना के तहत 10 लाख रुपये का अनुदान दिया जाएगा। इसके अलावा ग्रामीण क्षेत्रों में परिवहन सुविधा बढ़ाने के लिए मुख्यमंत्री सुगम परिवहन बस सेवा और स्वामित्व योजना के तहत 50 लाख निःशुल्क रजिस्ट्रियों के लक्ष्य का भी उल्लेख किया।
जनप्रतिनिधि रहे उपस्थित
कार्यक्रम में केंद्रीय महिला एवं बाल विकास राज्य मंत्री सावित्री ठाकुर ने कहा कि सिंचाई परियोजना कम वर्षा की स्थिति में धार और झाबुआ के किसानों के लिए उपयोगी होगी। नगरीय विकास एवं आवास मंत्री तथा धार जिले के प्रभारी कैलाश विजयवर्गीय और महिला एवं बाल विकास मंत्री निर्मला भूरिया ने भी संबोधित किया।
इस अवसर पर सांसद अनीता नागर सिंह चौहान, विधायक नीना वर्मा और प्रताप ग्रेवाल, पूर्व मंत्री राजवर्धन सिंह दत्तीगांव, पूर्व विधायक वेलसिंह भूरिया, रंजना बघेल और कलसिंह भाबर सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं अधिकारी उपस्थित रहे।





