खरगोन जिला ब्यूरो इक़बाल खत्री
खरगोन। मामला सनावद थाना क्षेत्र का जहां तांत्रिक क्रियाओं व धनवर्षा के अंधविश्वास में किया गया था अपहरण, चार आरोपी गिरफ्तार,
02 जनवरी 2026
अंधविश्वास और तंत्र मंत्र के खतरनाक जाल में फंसकर अपहरण किए गए 06 वर्षीय मासूम बालक को खरगोन पुलिस ने समय रहते सकुशल रेस्क्यू कर एक बड़ी अनहोनी को टाल दिया। यह सनसनीखेज मामला थाना सनावद क्षेत्र का है, जहां तांत्रिक क्रियाओं के नाम पर धनवर्षा और सिद्धि प्राप्त करने की लालसा में एक मासूम को 22 दिनों तक बंधक बनाकर रखा गया था।
पुलिस अधीक्षक खरगोन रविन्द्र वर्मा के निर्देशन एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) शकुन्तला रुहल तथा एसडीओपी बड़वाह अर्चना रावत के नेतृत्व में गठित विशेष टीमों ने लगातार 22 दिन चले सर्च ऑपरेशन के बाद इस अंधविश्वास से जुड़े खौफनाक मामले का पर्दाफाश किया।
क्रिकेट बेट गेंद का लालच देकर किया गया था अपहरण।
दिनांक 10 दिसंबर 2025 को ग्राम खंगवाड़ा (सनावद) में घर के बाहर खेल रहे 6 वर्षीय बालक को दो अज्ञात आरोपियों ने क्रिकेट बेट गेंद दिलाने का लालच देकर मोटरसाइकिल से अगवा कर लिया। घटना की सूचना मिलते ही थाना सनावद में अपराध क्रमांक 531/25 धारा 137(2) बीएनएस के तहत मामला दर्ज कर विवेचना शुरू की गई।
100 से अधिक CCTV कैमरे खंगाले, जंगल और बैकवॉटर क्षेत्र में सघन सर्चिंग की गई।
घटना की गंभीरता को देखते हुए जिले के विभिन्न थानों, साइबर सेल, एफएसएल, फिंगरप्रिंट टीम, डॉग स्क्वाड और कंट्रोल रूम सहित 100 से अधिक पुलिसकर्मियों को सर्च ऑपरेशन में लगाया गया। संभावित मार्गों के 100 से अधिक CCTV फुटेज खंगाले गए तथा जंगल, शैडो एरिया और बैकवॉटर क्षेत्रों में लगातार सर्चिंग की गई।
इस दौरान अपहरण कर्ताओं द्वारा पुलिस को गुमराह करने की साजिश रची गई तंत्र क्रिया की सामग्री छोड़ी।
31 दिसंबर की रात बालक के घर के बाहर नींबू की माला से सजी बच्चे की नग्न तस्वीर, एक डायरी और तंत्र सामग्री बरामद हुई, जिससे यह स्पष्ट हुआ कि अपहरण काला जादू और तंत्र क्रियाओं के उद्देश्य से किया गया है। जांच में यह भी सामने आया कि डायरी में लिखे नाम पुलिस को गुमराह करने के लिए थे।
छद्म भेष में निगरानी, पुनासा से हुआ मासूम का रेस्क्यू।
तकनीकी विश्लेषण और मुखबिर तंत्र के माध्यम से पुलिस को ग्राम अटूटखास निवासी शुभम उर्फ लव यादव पर संदेह हुआ। जांच आगे बढ़ने पर पता चला कि वह पुनासा में छिपे एक तथाकथित तांत्रिक बाबा के संपर्क में है।
पुलिस ने छद्म भेष धारण कर निगरानी की और जैसे ही बाबा बच्चे को लेकर कमरे में पहुंचा, पुलिस टीम ने दबिश देकर नाबालिग बालक को सकुशल रेस्क्यू कर लिया।
22 दिन तक तंत्र क्रिया के नाम पर अमानवीय कृत्य
जांच में सामने आया कि बच्चे को 22 दिनों तक नग्न कर सिंदूर लगाया जाता था, नींबू की माला पहनाई जाती थी और काले कपड़े ओढ़ाकर तंत्र क्रियाएं की जाती थीं, जो मानवता को शर्मसार करने वाला कृत्य है।
पुलिस ने इस जघन्य अपराध में शामिल चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है
1.लव उर्फ शुभम यादव (25) निवासी ग्राम अटूटखास, जिला खंडवा
2.अंकित उर्फ सुरेन्द्र उर्फ पिंटू बघेल (22) निवासी ग्राम बीजापुर, थाना मूंदी
3.रामपाल नरवरे (28) निवासी डोंगरगांव, जिला खंडवा
4.धनसिंह बडोले (40) निवासी अंजरूद
अंधविश्वास कितना घातक हो सकता है, यह केस उसकी मिसाल बना
यह मामला न केवल अंधविश्वास की भयावह सच्चाई को उजागर करता है, बल्कि यह भी साबित करता है कि खरगोन पुलिस की सतर्कता, तकनीकी दक्षता और टीम वर्क से एक मासूम की जान समय रहते बचाई जा सकी।






