बिलाल खत्री
आलीराजपुर कैबिनेट मंत्री नागरसिंह चौहान एवं सांसद अनिता नागर सिह चौहान के प्रयासों से आलीराजपुर जिले के विकास को निरंतर गति मिलने के सिलसिले में एक ओर बड़ी उपलब्धि हासिल कर ली गई है।कैबिनेट मंत्री नागरसिंह चौहान एवं सांसद अनिता नागर सिह चौहान द्वारा प्रेषित पत्र पर कार्यवाही करते हुए केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान द्वारा केंद्र सरकार की महत्वपूर्ण योजना प्रधानमंत्री धन धान्य कृषि योजना में आलीराजपुर जिले को भी शामिल कर लिया गया है।
इस योजना में जुड़ने से कृषि प्रधान आलीराजपुर जिले के किसानों को बेहद हितकारी साबित होगी।
कैबिनेट मंत्री नागरसिंह चौहान एवं सांसद अनिता नागर सिंह चौहान ने बताया कि प्रधानमंत्री धन धान्य योजना के तय मापदंड जिसमें कम फसल उत्पादकता, कम फसल सघनता और कम अल्पकालिक ऋण संवितरण के तीन प्रमुख संकेतकों के आधार पर 100 कृषि आकांक्षी जिलों की पहचान की जा रही है । जिसके संबंध में हमारे द्वारा संयुक्त रूप से पत्र प्रेषित कर केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान से आलीराजपुर जिले को शामिल करने का निवेदन किया था। जिसके चलते प्रधानमंत्री धन धान्य कृषि योजना के तहत आलीराजपुर जिले का चयन कर उसे भी योजना में शामिल किया गया है।
क्या है प्रधानमंत्री धन धान्य कृषि योजना
केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान द्वारा प्रेषित पत्र अनुसार भारत सरकार ने अपने केंद्रीय बजट 2025-26 में, छह वर्षों की अवधि के लिए प्रधान मंत्री धन-धान्य कृषि योजना (पीएमडीडीकेवाई) के तहत 100 आकांक्षी कृषि जिलों को विकसित करने की घोषणा की है जो वर्ष 2025-26 से आरंभ होगी। तदनुसार, केंद्रीय मंत्रिमंडल ने 16 जुलाई, 2025 को पीएमडीडीकेवाई को स्वीकृति प्रदान की है।पीएम-डीडीकेवाई का औपचारिक शुभारंभ अक्टूबर, 2025 में होने की संभावना है।मंत्री सांसद हेल्पलाइन प्रभारी एवं विधायक प्रतिनिधि गोविंदा गुप्ता ने बताया कि प्रधानमंत्री धन धान्य कृषि योजना का उद्देश्य कृषि उत्पादकता को बढ़ाना, फसल विविधीकरण और सत्तत कृषि प्रथाओं को अपनाना, पंचायत और ब्लॉक स्तरों पर फसलोपरांत भंडारण को बढ़ाना, सिंचाई सुविधाओं में सुधार करना और दीर्घकालिक और अल्पकालिक ऋण की उपलब्धता की सुविधा प्रदान करना है। यह योजना कृषि और किसान कल्याण विभाग और अन्य संबद्ध मंत्रालयों विभागों की मौजूदा योजनाओं का अभिसरण करके और राज्यों के साथ साझेदारी में चयनित जिलों में पहचानी गई सभी कमियों को सक्रिय रूप से दूर करेगी।
नियोजन क्रियान्वयन एवं निगरानी के लिए बनेगी समितियां
प्रधानमंत्री धन धान्य कृषि योजना के तहत सफल संचालन हेतु केंद्र सरकार द्वारा पूरी रूपरेखा तैयार कर ली गई है। योजना के प्रभावी नियोजन, कार्यान्वयन और निगरानी के लिए जिला, राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर समितियां गठित की जाएंगी। जिला समिति, जिला कलेक्टर के अधीन होगी, और यह समिति हितधारकों के परामर्श और योजना के कार्यान्वयन के साथ जिला कार्य योजना तैयार करेगी। जिले में योजना के प्रदर्शन की निगरानी परिभाषित प्रमुख प्रदर्शन संकेतकों के साथ एक डैशबोर्ड के माध्यम से की जाएगी।उक्त जानकारी विधायक प्रतिनिधि गोविंदा गुप्ता द्वारा प्रेषित की गई।






