ad
best news portal development company in india

प्रधानमंत्री कॉलेज ऑफ़ एक्सीलेंस महाविद्यालय में, दो दिवसीय राष्ट्रीय वर्कशॉप सम्पन्न

SHARE:

     धार ब्यूरो चीफ इकबाल खत्री

                प्रधानमंत्री कॉलेज ऑफ़ एक्सीलेंस महाराजा भोज शासकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय धार में दो दिवसीय राष्ट्रीय वर्कशॉप का आयेाजन किया जा रहा है। रिसर्च मेथाडोलॉजी के आयोजन के प्रथम दिवस शुक्रवार को संयुक्त कलेक्टर जगदीश मेहरा ने संबोधित करते हुए कहा कि जिस हिसाब से समय परिवर्तनशील हो रहा है, रिसर्च के क्षेत्र में हमें अपडेट रहने की आवश्यकता है। इसी प्रकार जनभागीदारी अध्यक्ष दीपक बीड़कर ने कहा कि इस प्रकार के आयोजन निश्चित ही छात्रों के हित में होते रहना चाहिए। प्राचार्य एसएस बघेल अपने उद्बोधन में कहा कि छात्र-छात्राओं को रिसर्च के प्रति जागरूक करने के लिए हमारा यह कार्यशाला का आयोजन निश्चित ही मिल का पत्थर साबित होगा। रितेश सुगंधी साइंटिफिक ऑफिसर आईपीआर गांधी नगर गुजरात विषय -साइंटिफिक एंडटेक्नोलॉजिकल मेगा साइंस प्रोजेक्ट इन इंडिया ने प्रथम सत्र में संबोधित करते हुए कहा कि भारत को 2047 तक विकसित बनाने के लिए सभी का योगदान जरूरी है जो हमारी मेहनत है उसका फल आने वाली पीढ़ी पाती है,  इस सत्र की समीक्षा अनुराधा गुप्ता ने की। कपिल देव शर्मा डीन फैकल्टी ऑफ़ मैनेजमेंट स्टडी जय मिनेश ट्राइबल यूनिवर्सिटी कोटा विषय -लिटरेचर रिव्यू एंड रिसर्च में बताया कि जिस पर में रिसर्च कर रहा हूं उस पर कौन-कौन लोग रिसर्च और क्या-क्या कार्य कर चुके हैं यह हमारी रिसर्च में शामिल होना जरूरी है। रिसर्चस को ब्रह्मा विष्णु और महेश तीनों होना पड़ेगा अर्थात सभी संभवगुण एक रिसर्चस में होना चाहिए।

       द्वितीय सत्र की समीक्षा डॉं. प्रभा सोनी ने की। डॉ पीयूष सोलंकी डिपार्टमेंट ऑफ़ फिजिक्स सौराष्ट्र यूनिवर्सिटी राजकोट गुजरात विषय -हाउ टू राइट ए रिसर्च पेपर पर संबोधित करते हुए कहा कि रिसर्च करना है तो यह नहीं सीखना है कि करना क्या है क्या नहीं करना है यह सीखना ज्यादा जरूरी अगर हमें सारे फैलियर पता है तो आप किसी भी काम को बहुत अच्छे से कर सकते हैं आपके अपने विचार रिसर्च पेपर में डालना है कोई भी कुछ भी ऊपर से सीख कर नहीं आया है हम पढ़ पढ़ कर ही विद्वान बन सकते हैं । केवल गादानी इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ टीचर एजुकेशन गांधीनगर गुजरात  विषय -साहित्यिक चोरी पर विशेष व्याख्यान देते हुए कहा कि रिसर्च में धीरज का होना बहुत जरूरी है साहित्यिक चोरी को रोकने के लिए कई सॉफ्टवेयर है के बारे में जानकारी दी।  इस स्तर की समीक्षा डॉ कविता पाल ने की । इस कार्यक्रम के नोडल अधिकारी इंचार्ज पीएम उषा डॉ जे के सागोरे, संयोजक डॉ प्रभा सोनी, समन्वयक प्रकाश तिलक जिला कोऑर्डिनेटर सेडमैप है। यह जानकारी डॉ निर्भय सिंह सोलंकी,  डॉ ताराचंद नरगावे एवं डॉ मीरा जामोद  ने दी। प्रथम सत्र का संचालन डॉक्टर रीना गामी किया, द्वितीय सत्र का संचालन डॉक्टर नम्रता खुराना ने किया।अंत में आभार डॉक्टर गजेंद्र उज्जैन कर माना। इस अवसर पर वरिष्ठ प्राध्यापक डॉक्टर आयशा खान डॉक्टर आरसी घावरी डॉक्टर एम एल चौहानएवं समस्त स्टाफ उपस्थित था।

best news portal development company in india

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

best news portal development company in india
सबसे ज्यादा पड़ गई