नई दिल्ली। आज़म लाला /मध्यप्रदेश में अल्पसंख्यक समाज के राजनीतिक प्रतिनिधित्व और संगठनात्मक नेतृत्व को लेकर मध्यप्रदेश भोपाल के कांग्रेस नेता हुमैद शकील के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने दिल्ली में इमरान प्रतापगढ़ी से मुलाकात कर प्रदेश की स्थिति पर विस्तार से चर्चा की। प्रतिनिधिमंडल में अल्पसंख्यक कांग्रेस के पदाधिकारी, मुस्लिम उलेमा और समाजसेवी शामिल रहे।
बैठक में प्रतिनिधिमंडल ने कहा कि मध्यप्रदेश में अल्पसंख्यक समाज, विशेषकर मुस्लिम समुदाय, का राजनीतिक प्रतिनिधित्व लगातार कमजोर होता जा रहा है। समाज की समस्याओं को प्रभावी ढंग से उठाने वाले नेतृत्व की कमी महसूस की जा रही है। इस स्थिति में संगठन के भीतर जमीनी और समर्पित नेताओं को जिम्मेदारी देना समय की आवश्यकता है।
हुमैद शकील ने कहा कि यदि कांग्रेस वंचित, कमजोर और अल्पसंख्यक वर्गों के अधिकारों की लड़ाई को और मजबूत बनाना चाहती है, तो उन्हें संगठन और नेतृत्व में उचित भागीदारी देना अनिवार्य है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में ऐसे कार्यकर्ताओं की कमी नहीं है जो पूरी निष्ठा के साथ समाज और संगठन के लिए काम कर रहे हैं।
प्रतिनिधिमंडल ने यह भी कहा कि जिस तरह और इमरान प्रतापगढ़ी राष्ट्रीय स्तर पर अल्पसंख्यकों और कमजोर वर्गों के मुद्दों को मुखरता से उठा रहे हैं, उसी प्रकार मध्यप्रदेश में भी मजबूत, सक्रिय और निर्भीक नेतृत्व को आगे लाने की जरूरत है।
बैठक के अंत में पार्टी नेतृत्व से आग्रह किया गया कि मध्यप्रदेश में ऐसे प्रतिबद्ध नेताओं को जिम्मेदारी सौंपी जाए जो अल्पसंख्यक समाज को संगठित करने के साथ कांग्रेस संगठन को भी नई ऊर्जा और मजबूती प्रदान कर सकें।





